Wednesday, May 25, 2011

सुपर केपेसिटर

परंपरागत तेज और शक्तिशाली पर उर्जा भंडरण में कमजोर केपेसीटर अब अपनी काया पलट कर सुपर अल्टरा केपेसीटर बनकर उर्जा भंडारण की अपनी क्षमता को दोनों-दिन बढाते जा  रहे है. यह जल्द ही कारों और इलेक्ट्रानिक उपकरणों में लगने वाली लेड एसिड या लिथियम आयन बैटरी की जगह ले रहे है. हाइब्रिड कारों के लिये यह आदर्श  साबित हो रहे है क्योंकी हाइबिर्ड कारों में बैटरी के साथ प्रयोग करने से ब्रेक और ऐक्सेलरैशन के समय बर्स्ट पावर की जरूरत को ये आसानी से पूरा कर सकते है. जनरेटिव ब्रेकिंग में यह आसानी से उर्जा को सोख लेते है और ऐक्सेलरैशन के समय यह आसानी से ड्राइव मोटर को उर्जा देते है. इसके साथ ही इनकी  जीवनकाल किसी भी कार की जिदंगी से लम्बा होता है आगे पढने के लिये क्लिक करें

1 comment:

  1. thnx for publishing such a technical article for hindi readers...

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